प्रधानमंत्री मोदी के बयान पर राकेश टिकैत का पलटवार

0
rakesh-tikait

प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी तरफ से आज मन की बात कार्यक्रम में 26 जनवरी को लाल किले पर तिरंगे का अपमान देखकर दुखी होने की बात कही. प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि 26 जनवरी पर लाल किले पर जो कुछ भी हुआ उससे मन बड़ा दुखी है.

प्रधानमंत्री मोदी की इस टिप्पणी पर किसान नेता राकेश टिकैत की तरफ से प्रतिक्रिया आई है. राकेश टिकैत ने प्रधानमंत्री मोदी के बयान पर पलटवार करते हुए कहा है कि क्या तिरंगा सिर्फ प्रधानमंत्री का है? राकेश टिकैत ने कहा है कि सारा देश तिरंगे से प्यार करता है. जिसने तिरंगे का अपमान किया है उसको पकड़ो.

सरकार और किसानों के बीच कृषि कानूनों पर बातचीत फिर से शुरू करने पर राकेश टिकैत ने कहा कि बंदूक की नोक पर बातचीत नहीं होगी. राकेश टिकैत ने कहा कि हम प्रधानमंत्री का सम्मान करते हुए इस मुद्दे का समाधान चाहते हैं. लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि बंदूक की नोक पर बातचीत नहीं होगी, प्रेशर डील से बातचीत नहीं होगी. हम बातचीत करेंगे लेकिन सरकार कंडीशन रखकर बात ना करें.

इसके अलावा आपको बता दे कि स्वतंत्र पत्रकार मनदीप पुनिया को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार किया है. दिल्ली पुलिस ने इसकी पुष्टि कर दी है. दिल्ली पुलिस के मुताबिक, पुलिस कर्मियों के साथ दुर्व्यवहार करने और सिंघु बॉर्डर पर पुलिस को कर्तव्यों का निर्वहन करने में बाधा डालने के आरोप में मनदीप पुनिया को गिरफ्तार किया गया है. गौर करने वाली बात यह है कि पत्रकार मनदीप पुनिया वही हैं, जिन्होंने सिंघु बॉर्डर पर किसानों के खिलाफ हिंसा कर रहे लोगों का बीजेपी कनेक्शन होने का दावा किया था.

पिछले दिनों सिंघु बॉर्डर पर आंदोलन कर रहे किसानों पर कुछ लोगों ने कथित तौर पर स्थानीय नागरिक होने का दावा करते हुए पत्थरबाजी की थी. यह लोग किसानों को सिंघु बॉर्डर से जाने के लिए कह रहे थे. इसके बाद किसानों और हंगामा कर रहे लोग भिड़ गए थे. पत्थरबाजी और झड़प में कई लोग घायल हो गए थे. इस घटना में तलवार लगने से एक एसएचओ भी घायल हो गए थे.

घटना के बाद पत्रकार मनदीप पुनिया ने वीडियो जारी कर दावा किया था कि जो लोग स्थानीय होने का दावा करके किसानों पर हमले कर रहे थे, वह स्थानीय नहीं बल्कि बीजेपी कार्यकर्ता थे. पत्रकार मनदीप पुनिया की गिरफ्तारी पर कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है.

उन्होंने ट्वीट कर कहा, किसान आंदोलन कवर कर रहे पत्रकारों को गिरफ्तार किया जा रहा है, उनपर मुकदमें किए जा रहे हैं. कई जगहों पर इंटरनेट बंद कर दिया है। बीजेपी सरकार किसानों की आवाज को कुचलना चाहती है, लेकिन वे भूल गए हैं कि जितना दबाओगे उससे ज्यादा आवाजें आपके अत्याचार के खिलाफ उठेंगी.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here